कानपुर-बेखौफ लुटेरों ने दिनदहाड़े सीमेंट करोबारी के साथ लूट की वारदात को दिया अंजाम
Updated Date:20 Jun 2016 | Publish Date: 20 Jun 2016
बेख़ौफ लुटेरो ने दिन दहाड़े सीमेंट कारोबारी के साथ लूट की वारदात को दिया अँजाम।

फिल्मी अंदाज में दिया घटना को अंजाम

-तगादा वसूल कर स्कूटर से घर जा रहा था कारोबारी

-लात मारकर स्कूटर से नीचे गिराया फिर लगाया तमंचा

-डिग्गी में रखे डेढ लाख रुपए लूटकर बाइक से फरार हुए तीनों लुटेरे

-दस कदम की दूरी पर लगी थी पुलिस की पिकेट

कानपुर- हालसी रोड स्थित अपनी दुकान से घर जा रहे एक सीमेंट कारोबारी को रविवार भरी दोपहर तीन शातिर लुटेरों  ने एक फिल्मी अंदाज में लूट लिया। धनकुटटी स्थित मानस मंदिर के सामने बने सार्वजिनक मूत्रालय में एक युवक ने उसकी चलती स्कूटर में लात मार दी। जब तक कारोबारी स्कूटर सभालता तब तक वह गिर पड़ा। इस बीच पीछे से आए एक लुटेरे ने उनके सिर पर तमंचा तान दिया और स्कूटर की डिग्गी में रखे करीब डेढ लाख रुपए निकाल लिये। सामने की ओर काले रंग की मोटर साइकिल लिए खड़ा उनका साथी बाइक रेडी रखे था दोनों लुटेरे भाग कर बाइक में बैठ कर फरार हो गये। पीड़ित क ारोबारी ने 100 नंबर में पुलिस को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही एसपी पूर्वी समेत क्षेत्राधिकारी व पांच थानों की फ ोर्स मौके पर पहुंची क ारोबारी से पूछताछ के बाद लूट का मुकदमा दर्ज कराया। इस दौरान क्षेत्र में इलाके के व्यापारियों में हड़कंप मच गया। जूही निवासी अचल अग्रवाल की हालसी रोड स्थित न्यू अग्रवाल कंपनी के नाम से सीमेंट की दुकान है। दोपहर ढाई बजे के करीब अचल अग्रवाल वसूल कर दुकान पहुंचे और कुछ समय के बाद वह अपनी स्कूटरसे से दुकान से अपने घर के लिए निगल गए। करीब पौने तीन बजे के करीब वह धनकुटटी स्थित मानस मंदिर के समीप पहुंचे थे तभी एक लुटेरे ने उसकी स्कूटर में लात मार दी। जब तक वह स्कूटर सभाल पाते वह नीचे गिर पड़े। तभी पीछे से आए एक अन्य लुटेरे ने उनके सिर पर तमंचा लगाते हुए स्कूटर की डिग्गी से दगादे का डेढ लाख रुपए लूट लिया। पैसा निकालते ही दोनों लुटेरे सड़क की दूसरी ओर खड़े बाइक सवार अपने साथी की ओर भागे और बाइक में बैठकर बादशाही नाका सब्जी मंडी की ओर भाग निकले। पीड़ित अचल अग्रवाल ने बताया कि तीनों लुटेरे कम उम्र के थे और काले रंग की बाइक में सवार होकर भागे है।

घटना स्थल से दस कदम की दूरी पर तैनात थी पिकेट
धनकुटटी  के मानस मंदिर के पास दिन दहाड़े हुई लूट की इस घटना ने पुलिस की कार्य प्रणाली पर एक बार फिर सवालिया निशान लगा दिया है। क ारोबारी के साथ जिस वक्त लूट की घटना हुई थी उस वक्त घटनास्थल से मात्र दस कदम की दूरी पर पुलिस की पिकेट तैनात थी। लेकिन उन्हें घटना की भनक तक नहीं लगी। बल्कि पिकेट के सिपाही भी उस वक्त घटना स्थल पर पहुंचे जब विभाग के कई अफसर वहां पहुंचे थे।
तीन थानों की लगती है सीमाएं
सीमेंट क ारोबारी अचल अग्रवाल के साथ जिस जगह पर लूट की वारदात को अंजाम दिया गया वहां पर बादशाही नाका, कलक्टरगंज एवं अनवरगंज थानों की सीमाएं मिलती है। दिन दहाड़े लुटेरे लूट की घटना को अंजाम देते है और तीनों थानों की फ ोर्स की घटना की भनक तक नहीं लगती है। मजे की बात तो यह है कि धनकुटटी के मानस मंदिर से कलक्टरगंज थाने की दूरी भी आधा किलोमीटर की है। लेकिन पुलिस को घटना की जानकारी तब हुई जब कंट्रोल रूम से उन्हें मैसेंज दिया गया।

रैकी कर घटना को दिया अंजाम

पुलिस अधिकारियों की मानें तो सीमेंट क ारोबारी के साथ दिन दहाड़े हुई लूट की घटना से ऐसा लग रहा है कि लुटेरों ने घटना को अंजाम देने के लिए पहले रैकी है। क्योंकि जिस तरह घटना को अंजाम दिया गया है उससे यह साफ है कि लुटेरों को पहले से ही पता था कि क ारोबारी की स्कूटर की डिग्गी में पैसा रखा हुआ है और वह इसी रास्ते से अपने घर जायेगा। तभी पहले से घात लगाए हुए बैठे लुटेरों ने क ारोबारी के साथ लूट की इस घटना को बड़ी ही आसानी से अंजाम दे दिया है। हालांकि क ारोबारी द्वारा बताए गये हुलिये कि  आधार पर पुलिस लुटेरों की तलाश में जुट गई है। उनका दावा है कि वह घटना का जल्द से जल्द खुलासा भी कर देगे।

इनसेट

ज्वैलर्स कारोबारी के साथ हुई लूट का नहीं हुआ अभी तक खुलासा
कानपुर। कलक्टरगंज थाना क्षेत्र में बीते कुछ समय पहले एक ज्वैलर्स क ारोबारी के साथ हुई 21 लाख रुपए लूट का भी पुलिस अभी तक खुलासा नहीं कर पाई है। ऐसे में लूट की ओर और घटना ने पुलिस की कार्य प्रणाली में सवालिया निशान लगा दिया है। दिन दहाड़े रविवार को हुई सीमेंट क ारोबारी के साथ लूटपाट की घटना ने पुलिस को झकझोर कर दिया है। पुलिस ने वरिष्ठ अधिकारियोें के निर्देश पर लूट का मुकदमा तो दर्ज कर लुटेरों की तलाश शुरू कर दी है। लेकिन अभी तक उनके हाथ क ोई सुराग नहीं लगा है। 
-------------------------