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DAVP नीति विरोधी मंच ने बैठक आयोजित करके डीएवीपी नीति 2016 को रोल बैक कराने के लिए रणनीति की तय
Updated Date:06 Sep 2016 | Publish Date: 06 Sep 2016
*DAVP नीति विरोधी मंच UP ने आहुत की बैठक विज्ञापन नीति 2016 वापसी हेतु तय की गई आगामी रणनीति।*

*लखनऊ-*डीएवीपी नीति विरोधी मंच से जुड़े सभी  प्रकाशकों संपादकों और पत्रकार साथियों को यह सूचित किया जाता है कि दिनांक 5 सितम्बर को डीएवीपी नीति विरोधी मंच के संयोजक मंडल ने मिलकर डीएवीपी की पालिसी 2016 को वापस कराने के लिए आंदोलन को और विशाल  स्वरूप प्रदान करने हेतु कुछ योजनाऐं बनायीं है, जिससे की हम अपनी बात व् मांगें प्रधानमंत्री , केंद्र सरकार में इस मंत्रालय से सम्बंधित अधिकारियों और मंत्रियों तक प्रभावी और सम्मानित तरीके से पहुँचा सकें और लघु और मध्यम श्रेणी के समाचार पत्रों हेतु दमनकारी डीएवीपी विज्ञापन नीति 2016 को वापस करा सकें।  इसी क्रम मे विगत् दिनांक 5 सितम्बर को  डीएवीपी नीति विरोधी मंच की बैठक आहुत की गई जिसमे सर्व प्रथम पूर्व आयोजित समस्त कार्यक्रमों और डीएवीपी नीति 2016 के विरुद्ध पूरे देश मे अनवरत रूप से सँघरषरत सभी साथियों की सराहना करने के  साथ ही यह भी स्वीकार किया गया की लक्ष्य प्राप्त करने हेतु अत्यधिक प्रयास करते हुए सर्वस्व बलिदान करने हेतु हम सभी को तत्पर रहना होगा। पूर्व आयोजित कार्यक्रमों से प्राप्त अनुभवों और उत्तर प्रदेश ,दिल्ली सहित अन्य प्रदेश में इस विषय पर चल रहे अभियानों और वाट्सएप्प ग्रुपों सोशल मीडिया की चर्चा से प्राप्त विचारों के साथ ही व्यक्तिगत सुझावों को प्रस्ताव के रूप चर्चा हेतु रखा गया जिस पर सभी साथियों द्वारा स्वतंत्र रूप से अपने  विचार प्रस्तुत किये गये तत्पश्चात् सर्वसम्मति से अधोलिखित प्रस्ताव पास किये गये।

*1-*डीएवीपी विज्ञापन नीति 2016  के विरुद्ध जो भी है वो हमारा साथी है और हमारे लिये सम्मानीय है जब लक्ष्य एक है तो किसी भी रूप मे पूरे देश के साथियों के बीच अंतर्विरोधों का कोई स्थान नहीं होना चाहिये हमें एक लक्ष्य के लिये एक मत होकर एक दूसरे सहयोग कर ताक़तवर बनकर सरकार से लड़ना है और हर हाल में डीएवीपी नीति को वापस करवाना है।
                      
 *2-* दिल्ली में आगामी अक्टूबर में निर्धारित किये गये आमंरण अनशन कार्यक्रम में सहभागिता को सर्व सम्मत से पास किया गया साथ ही उसके राष्ट्रीय स्तर पर महत्व के दृष्टिगत उससे पूर्व वृहद अभियान चलाये जाने का प्रस्ताव भी पास किया गया।

*3-* वृहद अभियान के क्रम में सर्व प्रथम हमारे साझा मंच के विभिन्न ग्रुप जिसमे हमारे हज़ारों प्रकाशक साथी उपलब्ध है और डीएवीपी में पंजीकृत समस्त उत्तर प्रदेश के साथियों से सम्पर्क कर मंडलवार /जिलेवार उनका चयन कर उन्हें अपने ट्वीटर फेसबुक सहित सोशल मीडिया नेटवर्क व अपने समाचार पत्रों, न्यूज़ ग्रुपों मे डीएवीपी नीती के विरोध में पूर्व के कार्यक्रमों के तथ्यों सहित तस्वीरों के प्रकाशन प्रसारण सहित अनशन कार्यक्रम का ज़ोर-शोर से प्रचार प्रसार करने व जनमानस से इस मुद्दे पर समर्थन की अपील जारी करने का अनुरोध किये जाने तथा यूपी के समस्त प्रकाशक एवं पत्रकार साथी आपस में सोशल मीडिया पर एक दूसरे से जुड़कर पूरे प्रदेश व अन्य प्रदेश के साथियो को जोड़ेंगे इसके लिये सभी-साथी अपनी सोशल मीडिया आई डी व्हाट्सएप्प  ग्रुप में एक दिन में अवश्य प्रेषित करेंगें, इस हेतु आग्रह किये जाने का प्रस्ताव पास किया गया।

*4-* संयोजक मंडल ने यह तय किया है कि जो प्रकाशक जिस जिले/ मंडल का हो वह व्यक्तिगत रुचि लेकर आपने सांसद,भाजपा जिला अध्यक्ष, उपाध्यक्ष,भाजयुमो व संघ से जुड़े जिला प्रमुख ,प्रचारक,भाजपा विधायक व आगामी विधानसभा चुनाव में घोषित भाजपा प्रत्याशी से प्राथमिकता के साथ अपने समर्थन /विज्ञापन नीति 2016 के विरुद्ध पत्र लिखवायें एवं डीएवीपी विज्ञापन नीति का विरोध प्रदर्शन करें और ज्ञापन सौपें साथ ही भाजपा विरोधी दलों के संपर्क में रहकर उन्हे भी हमारे अभियान में जोड़ने व सहयोग प्रदान करने हेतु प्रेरित करें और उनसे प्रसार माध्यमों में नीति के विरोध में बयान जारी करने का आग्रह करें और यथा संभव सहयोग प्राप्त करें।
                      
*5-*प्रस्तावित 2-अक्टूबर के अनशन कार्यक्रम से पूर्व सभी जिलो में व्यापक जनसमर्थन जुटाने पर बल दिया गया है साथ ही उपरोक्त प्रस्ताव पर हर हाल मे 20 सितंबर तक कार्य संपन्न करना है साथ ही लखनऊ में एक विरोध मार्च निकालने का भी प्रस्ताव पास किया, दिन समय बाद में तय कर सार्वजनिक घोषणा की जाएगी। तब तक सभी जिले से समर्थन पत्र एकत्र किया जायेगा व सोशल मीडिया पर व्यापक प्रचार प्रसार किया जायेगा इससे संबंधित प्रगति पर ही व्हाट्सअप पर चर्चा होगी। यूपी के सभी 75 जिलों के साथियों को क्रमश: भाजपा से जुड़े सासंदो विधायकों व् राजधानी लखनऊ के साथियो को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अन्य प्रदेश पदाधिकारी महापौर ,मंडल अध्यक्ष व ज़िला पदाधिकारी गणों से मिलने समर्थन पत्र लिखाने अपना विरोध दर्ज कराने की ज़िम्मेदारी सौंपी जा चुकी है व उन्हे 1 सप्ताह में अपना कार्य संपन्न कर ग्रुप को अवगत कराने का प्रस्ताव पास किया है। साथ ही लखनऊ से जुड़े साथियों को ज़िले के साथियों को प्रेरित करने व हर संभव सहयोग करने की भी ज़िम्मेदारी सौंपी गई है। इस विषय को विस्तार स्वरुप प्रदान करने हेतु दिल्ली व अन्य प्रदेश के साथियों से चर्चा करने हेतु सर्वसम्मति से प्रमुख संयोजक को अधिकृत किया गया है।
अतः साथियों आप सभी से सादर अनुरोध है कि हर व्यक्ति के व्यक्तिगत स्वरूप में आये अस्तित्व के संकट का सामना करने हेतु अनेकता में एकता का परिचय देते हुये एकजुट होकर सब मिलकर सामना करें और केन्द्र सरकार की दमनकारी विज्ञापन नीति 2016 को हर हाल में वापस वापस या संशोधित कराये जाने का सँकल्प ले।

*इस बैठक में यूपी के सैकड़ों प्रकाशको ने अपने अपने विचार रखे, जिसका सभी ने समर्थन किया।*

*"कौन कहता है डीएवीपी नीति वापस नहीं हो सकती बस एक साथ मिलकर क़दम तो बढ़ाओ यारों "*

*DAVP नीति विरोधी मंच उत्तर प्रदेश के मीडिया प्रकोष्ठ द्वारा प्रकाशकों के हितार्थ में जारी।